:
Breaking News

Patna Police: बंटी यादव हत्याकांड में बड़ी कार्रवाई, लापरवाही के आरोप में चार पुलिसकर्मी निलंबित

top-news
https://maannews.acnoo.com/public/frontend/img/header-adds/adds.jpg

Alam Ki Khabar: पटना के चर्चित बंटी यादव हत्याकांड में पुलिस विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए चार पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया है। विभागीय जांच में ड्यूटी के दौरान कथित लापरवाही सामने आने के बाद यह कदम उठाया गया। पढ़ें पूरी रिपोर्ट।

पटना, 14 जुलाई। आलम की खबर: पटना के बहुचर्चित बंटी यादव हत्याकांड में पुलिस विभाग ने बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई करते हुए ड्यूटी के दौरान कथित लापरवाही बरतने के आरोप में चार पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। यह कार्रवाई शुरुआती विभागीय जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर पटना सेंट्रल एसपी ममता कल्याणी ने की है। निलंबित पुलिसकर्मियों में एएसआई प्रवीण कुमार पंकज, एएसआई अवधेश कुमार, एएसआई वीर बहादुर सिंह तथा गृह रक्षक सुदर्शन प्रसाद शामिल हैं। आदेश के अनुसार निलंबन अवधि में चारों का मुख्यालय नवीन आरक्षी पुलिस केंद्र, पटना रहेगा और उन्हें तीन दिनों के भीतर अपना लिखित स्पष्टीकरण भी देना होगा। विभागीय जांच में सामने आया कि छह जुलाई की रात बंटी यादव के कथित अपहरण के समय डायल-112 और गश्ती दल के ये पुलिसकर्मी घटनास्थल से करीब 100 मीटर की दूरी पर मौजूद थे। इसके बावजूद घटना की जानकारी समय पर नहीं मिल सकी और न ही तत्काल प्रभावी हस्तक्षेप हुआ। इसी आधार पर विभाग ने इसे ड्यूटी में गंभीर लापरवाही मानते हुए अनुशासनात्मक कार्रवाई की है। गौरतलब है कि छह जुलाई की देर रात पटना जंक्शन क्षेत्र से कारोबारी बंटी यादव के कथित अपहरण का मामला सामने आया था। बाद में घटना का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया, जिसमें कुछ लोग उन्हें जबरन ले जाते दिखाई दिए। परिजनों ने आरोप लगाया कि घटना की सूचना तत्काल पुलिस को दी गई थी और संदिग्धों से जुड़ी जानकारी भी उपलब्ध कराई गई थी, लेकिन शुरुआती स्तर पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई। लगभग पांच दिन बाद बंटी यादव का शव अथमलगोला इलाके से बरामद किया गया, जिसके बाद पूरे मामले ने राजनीतिक और प्रशासनिक स्तर पर तूल पकड़ लिया। परिजनों ने आरोप लगाया कि यदि समय रहते प्रभावी कार्रवाई होती तो उनकी जान बचाई जा सकती थी। हालांकि इस आरोप की आधिकारिक पुष्टि अभी जांच के बाद ही हो सकेगी। पुलिस का कहना है कि पूरे मामले की जांच जारी है और हत्या के पीछे की साजिश, आरोपियों की भूमिका तथा शुरुआती पुलिस कार्रवाई के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। विभागीय कार्रवाई को इसी जांच प्रक्रिया का हिस्सा माना जा रहा है। इस मामले में पुलिस विभाग अब यह भी पता लगाने में जुटा है कि सुरक्षा व्यवस्था में चूक कहां हुई और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए क्या कदम उठाए जाएं।

जवाबदेही तय होना जरूरी

किसी भी गंभीर आपराधिक मामले में अपराधियों के साथ-साथ ड्यूटी पर तैनात अधिकारियों की भूमिका की भी निष्पक्ष समीक्षा आवश्यक होती है। यदि जांच में लापरवाही सिद्ध होती है तो कार्रवाई से व्यवस्था में जवाबदेही बढ़ती है, वहीं यदि आरोप गलत साबित होते हैं तो संबंधित कर्मियों को भी न्याय मिलना चाहिए। निष्पक्ष जांच ही इस मामले की सच्चाई सामने ला सकती है।

यह भी पढ़ें:

पटना अपराध की बड़ी खबरें

बिहार पुलिस की ताजा कार्रवाई

बिहार की प्रमुख क्राइम रिपोर्ट

https://maannews.acnoo.com/public/frontend/img/header-adds/adds.jpg

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *